तब हिंदू का ह भी हलक से निकलना मुश्किल होगा मात्रा तो दूर शब्द भी पूरा न कर सकेंगे जय श्री राम हिंदु अहिंसक रहा सहिष्णु रहा इस लिए सहता आया है इतिहास साक्षी है और आज भी सस्ता है इसलिए किसी भी बस्ते का हिस्सा बन जाता है

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